छत्तीसगढ़ प्रदेश

छत्तीसगढ़ के प्रत्याशियों से फीडबैक लेना प्रारंभ

रायपुर. फीडबैक न लेने की बात करने वाली भाजपा ने भी छत्तीसगढ़ के प्रत्याशियों से फीडबैक लेना प्रारंभ कर दिया है, हालांकि इसका खुलासा नहीं किया जा रहा है। विधानसभा चुनाव के ठीक दूसरे ही दिन कांग्रेस ने तो प्रत्याशियों से फीडबैक लेकर अपनी समीक्षा का दौर प्रारंभ कर दिया, लेकिन भाजपा ने अभी तक सभी प्रत्याशियों के साथ बैठकर मंथन नहीं किया है। लेकिन अब प्रदेश संगठन महामंत्री पवन साय जरूर भाजपा के प्रत्याशियों के साथ लगातार मिल रहे हैं और उनसे फीडबैक लेने के साथ उनको मतगणना के लिए दिशा निर्देश भी दे रहे हैं। इसी के साथ विधानसभा वार समीक्षा का दौर भी चल रहा है। इस समय भाजपा के प्रदेश प्रभारी ओम माथुर राजस्थान चुनाव में व्यस्त हैं। 25 नवंबर के बाद ही उनका यहां आना संभव होगा, तब प्रदेश स्तर पर बैठक करके सारी जानकारी ली जाएगी।
विधानसभा चुनाव में अचानक चुनाव के पखवाड़े भर पहले प्रदेश में ऐसी फिजा बदली कि जो भाजपा चुनाव में ज्यादा दमदारी से मुकाबले में नजर नहीं आ रही थी, वह बड़ी दमदारी से मुकाबले में आ गई। इसके बाद मतदान हुआ, तो अब भाजपा को भरोसा हो गया है कि उसकी सरकार बन रही है। भाजपा काे मुकाबले में लाने की रणनीति बनाने का बड़ा काम केंद्रीय मंत्री अमित शाह के साथ केंद्रीय मंत्री मनसुख मंडाविया ने किया है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी लगातार सभाएं करके भाजपा के पक्ष में माहौल बनाने में अहम भूमिका निभाई। मतदान के बाद भाजपा को राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ से जो फीडबैक मिला है, उसमें भाजपा की सरकार बनने का दावा किया गया है। भाजपा जानती है कि आरएसएस का फीडबैक यूं ही नहीं होता है।
साय से मिल रहे प्रत्याशी
भाजपा ने मतदान के बाद अब तक प्रदेश स्तर पर कोई बैठक नहीं की है, क्योंकि कोई भी राष्ट्रीय नेता इस समय खाली नहीं हैं। सभी राष्ट्रीय नेता राजस्थान, तेलंगाना और मिजोरम के चुनाव में लगे हैं। यही वजह कि अभी प्रत्याशियों को बुलाया नहीं गया है। लेकिन कई प्रत्याशी खुद से चलकर रायपुर आ रहे हैं तो उनके साथ प्रदेश संगठन महामंत्री पवन साय बैठक करके उनसे फीडबैक लेने का काम कर रहे हैं। इधर विधानसभा वार जरूर समीक्षा चल रही है। इसमें देखा जा रहा है कि किस विधानसभा में किस बूथ में कितने मत मिले हैं। भाजपा विधानसभा के बूथों में बैठे अपने प्रतिनिधियों से रिपोर्ट ले रही है। इस रिपोर्ट के आधार पर तय होगा कि कहां पर भाजपा जीत रही है और कहां पर हार मिल रही है। इस रिपोर्ट के बाद ही प्रदेश स्तर पर होने वाली बैठक में इस रिपोर्ट को रखा जाएगा।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button