लेख-आलेख
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(7 मई, विश्व एथलेटिक्स दिवस विशेष) खेलों का डर्टी दंगल या फिर नियमों का उल्लंघन
समय-समय पर खेल जगत से ऐसे आरोप क्यों लगते रहते हैं। क्यों महिला खिलाड़ी यौन शोषण का शिकार…
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वरिष्ठ पत्रकार जवाहर नागदेव की बेबाक कलम, सुगंध का दावा था गंदी बांस हो गये केजरीवाल आम-आम चिल्लाते खास हो गये केजरीवाल
सुगंध का दावा था गंदी बांस हो गये कंेजरीवाल आम-आम चिल्लाते खास हो गये केजरीवाल आम बाजार में आ रहा…
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प्रधानमंत्री की चुप्पी के कानफोडू बोल! (आलेख : राजेंद्र शर्मा)
इसमें शायद ही किसी को सचमुच हैरानी होगी कि ओलंपिक स्तर तक के खिलाडिय़ों के, भारतीय कुश्ती संघ के अध्यक्ष…
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वरिष्ठ पत्रकार जवाहर नागदेव की बेबाक कलम…क्या भाजपा को भारी पड़ेगी साय की हाय
निस्संदेह एक बेहतरीन इंसान, गरिमामय नेता, सहृदय सहयोगी नंदकुमार साय जिन्होंने केवल आदिवासियों की शराब छुड़ाने के लिये नमक तक…
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देखो‚ पहलवानो तुम ये! (व्यंग्य : राजेन्द्र शर्मा)
एंटीनेशनल कहे जाने से अमान पाऊं तो एक बात पूछूं। जब से ये अमृतकाल लगा है‚ रोज–रोज किसी–न–किसी चीज का…
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वरिष्ठ पत्रकार की बेबाक कलम सीधे रस्ते की टेढ़ी चाल…कहीं की ईंट कहीं का रोड़ा पद, पुराने हटेंगे तभी नयों को बंटेंगे
पुरानों को सरकाने और नयों को बिठाने के लिये कर्नाटक में नाटक चालू है। कहते हैं मोदीजी ने नया नियम…
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वरिष्ठ पत्रकार जवाहर नागदेव की बेबाक कलम सीधे रस्ते की टेढ़ी चाल… ये बंद कराने आए थे तवायफों के कोठे सिक्कों की खनक देखकर खुद ही मुजरा करने लगे
गलत खेल खड़गे का बार-बार पराजित हुआ आदमी खिसिया जाता है और खिसियाया हुुआ आदमी गुस्से में कब क्या बोल…
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(1 मई, मजदूर दिवस विशेष ) दिहाड़ीदार मजदूरों की दुर्दशा के लिए जिम्मेवार कौन ? लेख आलेख डॉo प्रियंका सौरभ,
(सामाजिक सुरक्षा कोष में तेजी लाने की आवश्यकता है ताकि देश के सबसे गरीब और कमजोर तबके को…
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विश्व पशु चिकित्सा दिवस (29 अप्रैल, 2023) पोषण का रामबाण है भारत का पशुधन
पशुपालन का अभ्यास अब एक विकल्प नहीं है, बल्कि समकालीन परिदृश्य में एक आवश्यकता है। इसके सफल, टिकाऊ और…
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