लेख-आलेख
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वरिष्ठ पत्रकार जवाहर नागदेव की बेबाक कलम ‘सीधे रस्ते की टेढ़ी चाल’ ‘झुकेगा नहीं साला’ सदस्यता पे लग गया ताला
सारे मोदी चोर क्यों होते हैं.. ऐसा कुछ कहकर किसी मोदी विधायक द्वारा मानहानि के मामले में राहुल गांधी ने…
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पुलवामा त्रासदी और उसका चुनावी एडवांटेज (आलेख : राजेंद्र शर्मा)
पुलवामा की त्रासदी का भूत, चार साल बाद एक बार फिर परेशान करने के लिए, मोदी सरकार के सामने आ…
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वरिष्ठ पत्रकार जवाहर नागदेव की बेबाक कलम… ‘सीधे रस्ते की टेढ़ी चाल’ माफिया के लिये मातम्
चकित है मुल्क देख माफिया के लिये मातम् हाए राम दंग है देश, अचंभित आप और हम एक नीच, कातिल,…
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दिन दहाड़े घर मे घुसते अंधेरे!! (आलेख : बादल सरोज)
अतीक अशरफ वृतांत पर बाद में कभी। अभी उनके बारे में, जो न माफिया हैं, न उनका नाम इनसे मिलता-जुलता…
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वरिष्ठ पत्रकार जवाहर नागदेव की बेबाक कलम ‘सीधे रस्ते की टेढ़ी चाल’ रमन की हो या हो भूपेश सरकार बेईमान, भ्रष्टाचारियों के आगे सभी हैं लाचार
‘‘एक भरे-पूरे परिवार में दादा होता है, बाप होता है, मां होती है और बच्चे होते हैं। आम तौर पर…
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बुलडोजर बड़ा या एन्काउंटर? (व्यंग्य : राजेंद्र शर्मा)
योगी जी ने छ: साल में यूपी को सचमुच पहले उत्तम और अब उत्सव प्रदेश बना दिया है। अगर थोड़ी-बहुत…
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यूपीआई लेनदेन पर शुल्क का ब्रेन गेम (लेख डॉक्टर सत्यवान सौरभ)
यह सलाह दी जाती है कि “मदर थेरेसा” न बनें और अपने बैंक के साथ-साथ अपने यूपीआई भुगतान प्रणाली का…
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कृषि रोबोट: किसानों का किफायती दोस्त (लेख प्रियंका सौरभ)
कृषि क्षेत्र में भारत में किसान घट रहे हैं। कुछ सामान्य वाक्यों को दोहराकर खेती के पेशे को छोड़…
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बाबा साहेब की प्रासंगिकता (आलेख : संजय पराते)
डॉ. बाबा साहेब अम्बेडकर भारतीय समाज के दलित-शोषित-उत्पीड़ित तबकों के विलक्षण प्रतिनिधि थे, जिन्होंने हिन्दू धर्म में जन्म तो लिया,…
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वरिष्ठ पत्रकार जवाहर नागदेव की बेबाक कलम ‘सीधे रस्ते की टेढ़ी चाल’ काश छत्तीसगढ़ को भी योगी जैसा मुखिया मिलता
जो दोगे वो पाओगे जो बोओेगे वो काटोगे एक कहानी एक बार एक चोर चोरी करने गया तो मालिक जाग…
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